आज दुनियाभर में 01 जून को ग्लोबल डे ऑफ पेरेंट् मनाया जाता है। ”माता-पिता का वैश्विक दिवस” या “अभिभावकों के वैश्विक दिवस” भी कहा जाता है। ग्लोबल पेरेंट् डे माता-पिता के सम्मान में मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र की ओर से इस दिन की घोषणा 2012 में की गई है। ग्लोबल डे ऑफ पेरेंट् को साल 2012 में यूएन द्वारा मान्यता मिलने के बाद इसे हर साल 1 जून को मनाया जाने लगा है।इस दिन बच्चों के प्रति माता-पिता की प्रतिबद्धता की सराहना की जाती है। ये दिन बच्चों और माता-पिता के लिए अपने बंधन का जश्न मनाने का एक अवसर है। इस दिन वैश्विक स्तर पर लोग अपने माता-पिता को उनके प्यार और त्याग के लिए बधाई देते हैं। इस दिन अपने बच्चों के लिए निस्वार्थ भाव से किए गए काम और सैक्रिफाइज के लिए माता-पिता को स्पेशल फील कराने का दिन होता है।


जानिए ग्लोबल पेरेंट् डे का इतिहास

1980 के दशक से, संयुक्त राष्ट्र ने परिवार से संबंधित मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करना शुरू किया था। ग्लोबल पेरेंट्स डे की शरुआत यूएन जर्नल असेंबली में 1994 में ही कई गई थी। ग्लोबल पेरेंट्स डे के आइडिया को यूनिफिकेशन चर्च और सेनेटर ट्रेंट लॉट द्वारा कुछ सालों बाद समर्थन भी मिला। जिसके बाद संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा 17 सितंबर, 2012 को एक संकल्प को अपनाया गया जिसमें 1 जून को माता-पिता के वैश्विक दिवस के रूप में घोषित करने का निर्णय लिया गया। प्रस्ताव में कहा गया है, “महासभा सदस्य राज्यों को नागरिक समाज के साथ पूर्ण भागीदारी में माता-पिता का वैश्विक दिवस मनाने के लिए आमंत्रित करती है, विशेष रूप से इसमें युवा लोगों और बच्चों को शामिल करने की अपील करती है।” ग्लोबल डे ऑफ पेरेंट् अगल-अलग देशों में अलग-अलग दिन मनाया जाता है। जैसे अमेरिका में इस दिन को जुलाई के चौथे रविवार को मनाया जाता है, तो वहीं साउथ कोरिया में 8 मई को पेरेंट्स डे मनाया जाता है। हालांकि ग्लोबल डे ऑफ पेरेंट्स कोई पब्लिक छुट्टी का दिन नहीं है, बल्कि ये एक दिन है, जिसे माता-पिता के समाज के भागीदारी के लिए मनाया जाता है।

कोविड-19 के बीच ग्लोबल डे ऑफ पेरेंट्स का महत्व

खास दिन माता-पिता को अपने बच्चों के लिए महत्वपूर्ण के रूप में पहचानता है. ग्लोबल पेरेंट्स डे से परिवार के साथ बच्चों के पोषण और संरक्षण में माता-पिता की एक प्राथमिक जिम्मेदारी की अहमियत का अंदाजा होता है. माता-पिता बच्चों के लिए किसी भगवान से कम नहीं होते. खास दिन उनके बलिदान, त्याग और तपस्या की सराहना करने का एक विशेष मौका है. कोविड-19 महामारी के बीच उन्होंने मनोवैज्ञानिक और आर्थिक चुनौतियों का सामना करते हुए जिस तरह अपने बच्चों की देखभाल की, आनेवाला वक्त उनको हमेशा याद रखेगा. 

अपने माता-पिता के प्रति प्यार जताने के रोचक क्वोट्स

  • बच्चे के लिए मां के जैसा कोई दोस्ती, कोई प्यार नहीं है. हेनरी वार्ड बीचर
  • प्यार वो जंजीर है जिससे एक बच्चा अपने माता-पिता से बंधता है. अब्राहम लिंकन
  • हम कभी नहीं एक मां के प्यार को समझ पाएंगे जब तक कि हम खुद माता-पिता न बन जाएं. हेनरी वार्ड बीचर
  • माता-पिता बच्चों के लिए अंतिम रोल मॉडल्स हैं. हर शब्द, हरकत और काम का प्रभाव होता है. कोई अन्य शख्स या बाहरी ताकत का मां से ज्यादा बच्चे पर असर नहीं होता. बॉब किशन

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